धर्मशास्त्र नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. (डॉ.) मनोज कुमार सिन्हा को ‘आउटस्टैंडिंग ज्यूरिस्ट अवार्ड’
इंदौर | 9 जनवरी 2026
धर्मशास्त्र नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी (DNLU), जबलपुर के कुलपति प्रो. (डॉ.) मनोज कुमार सिन्हा को विधिक शिक्षा, शोध और संस्थागत नेतृत्व के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए ‘आउटस्टैंडिंग ज्यूरिस्ट अवार्ड’ से सम्मानित किया गया। यह प्रतिष्ठित सम्मान उन्हें प्रेस्टीज इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च, इंदौर द्वारा आयोजित 21वें अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन पिकॉम-26 (PICOM-26) में प्रदान किया गया।
यह पुरस्कार न्याय, विद्वत्ता और राष्ट्र निर्माण के प्रति प्रो. सिन्हा के निरंतर समर्पण को मान्यता देता है। तीन दशकों से अधिक के शैक्षणिक एवं प्रशासनिक अनुभव के साथ प्रो. सिन्हा भारतीय विधिक शिक्षा के क्षेत्र में एक विशिष्ट पहचान रखते हैं। वे पूर्व में इंडियन लॉ इंस्टीट्यूट, नई दिल्ली के निदेशक तथा वेस्ट बंगाल नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ ज्यूरिडिकल साइंसेज (WBNUJS) में प्रोफेसर के रूप में सेवाएं दे चुके हैं। उनके शोध, अकादमिक लेखन और प्रकाशनों ने विधिक अध्ययन को नई दिशा प्रदान की है।

पिकॉम-26 सम्मेलन विचारकों, शिक्षाविदों, प्रैक्टिशनर्स और विद्यार्थियों के लिए एक सशक्त वैश्विक मंच के रूप में उभरा, जहाँ तेजी से बदलते अंतरराष्ट्रीय परिवेश में लचीले नेतृत्व, नवाचार और सतत विकास पर गहन विमर्श हुआ। सम्मेलन में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि प्रभावी नेतृत्व किस प्रकार आर्थिक, पर्यावरणीय और तकनीकी चुनौतियों के बीच संगठनात्मक सफलता को आगे बढ़ा सकता है।
प्रो. (डॉ.) मनोज कुमार सिन्हा को प्राप्त यह सम्मान न केवल डीएनएलयू जबलपुर बल्कि समूचे विधिक शैक्षणिक समुदाय के लिए गर्व का विषय है।
