आईएमएस-बीएचयू में राष्ट्रीय वृद्धत्व केन्द्र (एनसीए) निर्माण कार्य 50% पूर्ण
दिसम्बर 2025 तक पूरा होने का लक्ष्य
वाराणसी, 23 मई 2025 : बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के चिकित्सा विज्ञान संस्थान (आईएमएस) में स्थापित हो रहे राष्ट्रीय वृद्धत्व केन्द्र (National Centre of Ageing – NCA) के निर्माण कार्य ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। परियोजना का 50% कार्य पूर्ण हो चुका है। 12 मई को उत्तर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निरीक्षण के बाद से निर्माण कार्य में उल्लेखनीय तेजी आई है।
परियोजना के नोडल अधिकारी प्रो. अनुप सिंह ने जानकारी दी कि निर्माण कार्य दिसंबर 2025 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित है और यह योजना के अनुरूप चल रहा है। साथ ही, एनसीए को क्रियाशील बनाने की तैयारियाँ भी जोरों पर हैं—जिसमें उपकरणों, फर्नीचर और मानव संसाधन की व्यवस्था शामिल है।

प्रो. सिंह ने यह भी बताया कि राष्ट्रीय केन्द्र को चलाने हेतु पुनरावृत्त (Recurring) अनुदान की व्यवस्था स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय (MoHFW) द्वारा की जाएगी। “यह अत्यंत प्रशंसनीय है कि मंत्रालय ने आईएमएस के अंतर्गत इस परियोजना को पूरी तरह वित्तपोषित करने की सहमति दी है, जो वाराणसी में वृद्धजनों की स्वास्थ्य देखभाल को सुदृढ़ करने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है,” उन्होंने कहा।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने शिक्षा मंत्रालय और MoHFW को शिक्षक पदों के सृजन एवं पुनरावृत्त अनुदान के लिए प्रस्ताव भी भेजे हैं। प्रो. सिंह ने एनसीए के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन की सक्रिय और निरंतर समर्थन की सराहना की।

यह सात मंजिला 200-बिस्तरों वाला अत्याधुनिक केंद्र, आईएमएस-बीएचयू के जेरियाट्रिक मेडिसिन विभाग के अंतर्गत, वृद्धजन स्वास्थ्य देखभाल के लिए राष्ट्रीय कार्यक्रम (NPHCE) के तहत विकसित किया जा रहा है। इसमें डायलिसिस, आईसीयू, एचडीयू, स्लीप लैब, योग चिकित्सा, फिजियोथेरेपी सहित अन्य उन्नत चिकित्सा सेवाएँ उपलब्ध होंगी। साथ ही, इसमें सामान्य व निजी वार्डों की सुविधा भी होगी।
एनसीए की एक विशेष विशेषता यह है कि इसकी तीसरी मंज़िल पर सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक से एक कनेक्टिंग फ्लोर बनाया जा रहा है, जिससे मरीजों के रेफरल और ट्रांसफर की प्रक्रिया सहज हो सकेगी। हाल ही में विश्वविद्यालय ने एनसीए के लिए 1000 वर्ग मीटर पार्किंग क्षेत्र की भी स्वीकृति प्रदान की है। इस अवसर पर प्रो. सिंह ने माननीय कुलपति और निदेशक, आईएमएस का विशेष आभार जताया।
उल्लेखनीय है कि प्रो. अनुप सिंह को हाल ही में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, MoHFW द्वारा उत्तर प्रदेश में वृद्धजन स्वास्थ्य देखभाल के लिए परामर्शदात्री समूह में शामिल किया गया है, जो NPHCE के क्रियान्वयन में सहायक भूमिका निभाएगा।
